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CG. धोबी समाज का एकदिवसीय वार्षिक अधिवेशन एवं संत गाडगे जयंती सम्पन्न

पाटन राज धोबी समाज का एकदिवसीय वार्षिक अधिवेशन एवं संत गाडगे जयंती सम्पन्न : पाटन : पाटन राज धोबी समाज का एकदिवसीय वार्षिक अधिवेशन एवं संत गाडगे जयंती  का आयोजन किकिरमेटा में रविवार को सम्पन्न हुआ। प्रथम सत्र का शुभारंभ सुबह 10 बजे मुख्य अतिथि नेतराम निषाद सरपंच, अध्यक्षता डॉ. धर्मेंद्र निर्मल,अध्यक्ष पाटन राज ,विशिष्ट अतिथि लक्ष्मण निर्मल पूर्व अध्यक्ष, पोशु राम निर्मलकर, कृपा राम निर्मलकर बुधारू राम निषाद, बिसेश्वर साहू,चन्द्रप्रकाश निर्मलकर थे । मंचस्थ अतिथियों के द्वारा समाज के ईस्ट शिवशंकर जी,नातिन धोबिन दाई, संत गाडगे महराज के छाया चित्रों पर पुष्प माला अर्पित कर, दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया। समाज के महिलाओं के द्वारा भव्य कलश यात्रा पूरे गांव का भ्रमण किया। समाज के बच्चों के द्वारा मनमोहक संस्कृति कार्यक्रम प्रस्तुत किया गया। दोपहर के भोजन के पश्चात द्वितीय सत्र प्रारम्भ किया जिससे मुख्य अतिथि राष्ट्रीय रजक महासंघ उपाध्यक्ष प्रभुनाथ बैठा, अध्यक्षता पाटन राज धोबी संघ अध्यक्ष डॉ. धर्मेंद्र निर्मलकर विशिष्ट अतिथि प्रदेश अध्यक्ष विश्राम निर्मलकर,महासचिव चूड़ामण...

देश के विकाश में रोड़ा बनती लोगो की थूक, जाने क्यों और कैसे।

सामाजिक समस्या: पान-गुटखा खाकर रेल यात्रा करने या रेलवे परिसर में घूमने वाले लोगों की वजह से रेलवे की मुसीबत बढ़ गई है। दरअसल, इस तरह के लोगों की थूक मिटाने के चक्कर में रेलवे को 1200 करोड़ रुपए खर्च करने पड़े हैं।  रेलवे यात्रियों की इस हरकत को रोकने के लिए विज्ञापन पर भी खर्च करता है। इसके बावजूद स्थिति में सुधार होता नहीं दिख रहा है। यही वजह है कि रेलवे को थूक के दाग मिटाने के लिए सालाना 1200 करोड़ रुपए खर्च करने पड़ते हैं। इस वजह से रेलवे के पानी का खर्च भी बढ़ जाता है।  हालांकि अब रेलवे ने इसके लिए एक स्टार्टअप EzySpit ​​को ठेके दिए हैं। इस कंपनी के जरिए यात्री बायोडिग्रेडेबल पाउच वाला पीकदान खरीद सकेंगे। इस पाउच को आप जेब में भी रख सकते हैं। अलग-अलग साइज के इस पाउच को आप एक से ज्यादा बार भी इस्तेमाल कर सकते हैं। इस पाउच को कुछ इस तरह से बनाया गया कि इसमें थूक ठोस बन जाएगा। मतलब ये कि इसके गिरने या गंदगी फैलाने का भी झंझट नहीं रहेगा। ये इको-फ्रेंडली पाउच होगा।  Shut Up Virodhi एक डिजिटल न्यूज़ रूम है जिसका उद्देश्य निष्पक्ष, बिना चिल्लाए समाचार सेवा के अभ...