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अतीक अहमद दोषी करार, उमेश पाल की किडनैपिंग में , MP-MLA कोर्ट के बाहर ‘जूतों की माला’ से हो रहा इंतजार

यूपी :  माफिया अतीक अहमद को प्रयागराज कोर्ट ने उमेश पाल के अपहरण के मामले में दोषी करार दिया है। बता दें कि विधायक राजू पाल की हत्या के मामले में उमेश पाल गवाह थे, जिनका अपहरण कर उन्हें डराया-धमकाया गया था। हालाँकि, फरवरी 2023 में, अपहरण की घटना के 17 साल बाद उमेश पाल की अतीक अहमद और उसके परिवार ने हत्या भी करा दी। इसी बीच प्रयागराज MP-MLA कोर्ट के बाहर एक व्यक्ति जूतों की माला लेकर खड़ा था। उसने दावा किया कि वो अतीक अहमद को ये माला पहनाना चाहता है। उसने ये भी दावा किया कि ये जूते उमेश पाल के परिवार वालों के हैं। हालाँकि, अतीक अहमद को पुलिस वाले घेरे हुए थे। 25 जनवरी, 2005 को राजू पल की  हत्या कर दी  गई थी। उमेश पाल की पत्नी की शिकायत पर धूमनगंज पुलिस थाने में मामला दर्ज कराया गया था। जब राज्य में समाजवादी पार्टी का शासनकाल था तब प्रयागराज में अतीक अहमद की तूती बोलती थी। लोकसभा चुनाव 2004  में वो फूलपुर से जीता था। वो इलाहाबद पश्चिम सीट से लगातार 5 बार विधायक भी रह चुका है। उसके खिलाफ 100 से भी अधिक आपराधिक मामले चल रहे हैं। उसकी बीवी शाइस्ता परवीन भी उमेश...

देश को यही दिखाना है बलात्कार होने पर शोर मचाना है

देश को यही दिखाना है बलात्कार होने पर शोर मचाना है  बलात्कार जैसे घटना पर भी राजनीति इन नेताओ को शर्म क्यो नहीं आती ।  जैसा की आप सभी को बता दे की देश में किस प्रकार से टेलीविशन के माध्यम से व् अब मोबाइल के माध्यम से कितनी फूहड़ता देश में फैलाई और दिखाई जाती है आप सभी जानते है की किस  प्रकार देश में बैठ कर कुछ लोग भारत जैसे पारम्परिक जीवनशैली में जीने वाले लोगो को एक मिशन के तहद विनास के और ले जा रही है.  Rape case in india भारत देश की फ़िल्मी जगत सबसे बड़ा माध्यम है इस की संस्कृति को बर्बाद व् नुकसान पहुंचने के लिए क्योकि देश में जब से इसका उदय हुवा है तभी से देश की जनता इनके द्वारा बनाई जाने वाली कहानी जो की इनकी गन्दी  विचारधारा को प्रस्तुत करती है।  देश में पल रहे फ़िल्मकार , लेखक, सपादक, गीतकार अन्य लोग जो मिलकर एक पूरी कहानी को जनता के सामने प्रस्तुत करती है वो किस प्रकार कुछ पैसों के लिए अपने देश व् उसकी संस्कृति के साथ खिलवाड़ कर सकती है जो हम आपको आगे बताएंगे की किस प्रकार से इन्होने देश की एकता को भी बर्बाद करने की पूरी योजना बनाई है।   जिसमे...

हाथरस की घटना का क्या है सच क्या है झूठ जानिए पूरी बात हमारे साथ

हाथरस की घटना का क्या है सच क्या है झूठ जानिए पूरी बात हमारे साथ जैसा की आप सभी जानते है की हाथरस की घटना किस प्रकार दिन ब दिन उलझते जा रही है और जैसे - जैसे समय बीत रहे है नए नए खुलासे रोज सामने आ रहे है जैसा की सभी जानते है की उत्तरप्रदेश के हाथरस मे 14 सितंबर को चंदपा थाने के पास एक गाँव मे 19 साल की एक दलित लड़की के साथ छेदछाड़ और मारापीटी की गयी थी।  जो की सुरुवात मे ऐसा सामने आया और लड़की ने एक विडियो मे बताया की किस प्रकार पारिवारिक आपसी रंजिस मे उसके साथ किस प्रकार का व्यवहार किया गया और उसको जान से मारने की कोशिस भी की गयी उसका गला भी दबाया गया ।  पीड़िता ने नही बताया की उसके साथ छेदछाड़ हुई  लेकिन पीड़िता ने एक बार भी बलात्कार होने की बात नही कहीं पीड़िता ने निर्भीक होकर सारी बातें कहीं , वही दूसरी ओर एक न्यूज़ के साथ सवाल जवाब कर रही पीड़िता की माँ ने दुषकर्म होने की बात कहीं व पीड़िता के भाई व उसके पिता को ये जानकारी न हो ऐसी बात कहीं ।  हालांकि आपको हम जानकारी दे दे की इस पूरे घटना मे पुलिस प्रशासन की कार्यवाही पूरे तरह से निंदनीय है व उसका रवैया बिलकुल भी सहने ल...

योगी आदित्य नाथ जी के पिता जी की हुई मौत जानिए योगी ने क्या कहा ।

उत्तर प्रदेश -   जैसा की आपको बता दे उत्तरप्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्य नाथ जी के पिता जी का निधन  हो गया है जिनका इलाज एम्स में चल रहा था वो लिवर और किडनी के बीमारी से लंबे समय से संघर्ष कर रहे थे। निधन 10 बजकर 40 मिनट में हुवा किडनी और लिवर की थी समस्या सीएम योगी को दी जनाकारी उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के पिता आंनद सिंह बिष्ट का आज निधन हो गया । 89 साल के आंनद सिंह बिषतबक दिल्ली के एम्स में इलाज चल रहा था और उनकी हालत गंभीर थी वह कई दिनों से वेंटिलेटर पर थे और उन्होंने आज अंतिम सांस ली। योगी जी के पिताजी उत्तराखंड के यमकेश्वर के पंचूर गांव में रहते थे व उत्तराखंड में फॉरेस्ट रेंजर पद पर थे वो 1991 में रिटायर हो गए थे उसके बाद से ही वे अपने गांव में रहते थे। जैसा कि योगी जी को खबर मिली तो उन्होंने कुछ इस प्रकार अपनी संवेदन व्यक्त की - अपने पूज्य पिताजी के कैलाशवासी होने पर मुझे भारी दुःख एवं शोक है। वे मेरे पूर्वाश्रम के जन्मदाता है। जीवन मे ईमानदारी , कठोर परिश्रम एवं निस्वार्थ भाव से लोक मंगल के लिए समर्पित भाव के साथ कार्य करने का संस्कार बचपन मे उन्हो...